ढाई साल बाद शेयर बाजार १८ हजार के पार
मुंबई। यूरोपीय बाजार के सकारात्मक संकेतों, कंपनियों के बेहतर तिमाही नतीजों और खाद्य मुद्रास्फीति में गिरावट के ताजा आंक़डों से उत्साहित निवेशकों के मजबूत समर्थन से आज शेयर बाजार में दूसरे दिन भी तेजी जारी रही। मुंबई शेयर बाजार का सेंसेक्स १३६ अंकों की ब़ढत के साथ करीब ढाई साल बाद १८,००० अंकों के मनोवैज्ञानिक स्तर के पार कर गया।
इससे पहले, कुछ सत्रों में यह इस स्तर को छूकर नीचे आ जा रहा था। कारोबार के अंतिम घंटों में आई तेजी की बदौलत सेंसेक्स १३५९२ अंक या ०७६ प्रतिशत की ब़ढत के साथ १८,११३१५ अंक पर बंद हुआ। १५ फरवरी, २००८ के बाद सेंसेक्स इस स्तर पर पहुंचा है। कल सेंसेक्स में ९९०९ अंकों की तेजी आई थी। इसी के अनुरूप नेशनल स्टाक एक्सचेंज का निफ्टी ४२६० अंकों या ०७९ प्रतिशत की तेजी के साथ ५,४०० अंक के स्तर को पार कर ५,४४१९५ अंक पर बंद हुआ। यह निफ्टी का ३० माह का शीर्ष स्तर है। कारोबार के दौरान निफ्टी ने ५,४४७१५ अंकों के उच्च स्तर को भी छुआ।
सेंसेक्स सत्र के मध्य में नकारात्मक दायरे में था। विश्लेषकों का कहना है कि यूरोप के उम्मीद से बेहतर आर्थिक आंक़डों से कारोबार के अंतिम घंटों में बाजार में लिवाली का जोर चला और सेंसेक्स ने दिन के उच्चस्तर १८,१२७९० अंक को भी छुआ। विश्लेषकों के अनुसार अमेरिकी बाजारों में कल आई गिरावट के मद्देनजर आज शुरुआत में दलाल पथ की धारणा कमजोर थी, पर बाद में यूरोपीय बाजारों की मजबूत शुरुआत से निवेशकों का हौसला मजबूत हुआ।
विश्लेषकों को लगता है कि खाद्य मुद्रास्फीति की दर के १० जुलाई को समाप्त सप्ताह में घटकर १२४७ प्रतिशत पर आने से रिजर्व बैंक द्वारा नीतिगत ब्याज दरों में ब़ढोतरी की आशंका कम हुई है। इससे पिछले सप्ताह खाद्य मुद्रास्फीति १२८१ फीसद के स्तर पर थी। सेंसेक्स की ३० शेयरों में से २५ लाभ तथा पांच हानि का रुख दर्शाते हुए बंद हुए। टिकाऊ उपभोक्ता, धातु, वाहन तथा एफएमसीजी कंपनियों के शेयर मांग में रहे और इनमें अच्छी खासी ब़ढत देखने को मिली। आईटी को छ़ोडकर शेष १२ वगा] के सूचकांक ब़ढत के साथ बंद हुए। जियोजित बीएनपी परिबास के शोध प्रमुख एलेक्स मैथ्यूज ने कहा कि पहली तिमाही के अच्छे नतीजों से
