ADVERTISEMENT

आपका वोट

क्या राहुल गांधी भ्रष्टाचार खत्म करेंगे?

  • सही
  • गलत
  • पता नहीं
और भी

फोटो दीर्घा

Share

बोरवेल में ि गरे बचे की मोत

Swatantra Vaartha  Tue, 19 Jan 2010, IST

बोरवेल में ि गरे बचे की मोत

हैदराबाद। वरगल जितले के थो मडल के चू ताडा गाव में ३० फीट नीचे बोरवेल में गिरे डेढ वर्षीय बे को बचाने का यास असफल रहा। उसे बचाने में लगे राहतकमियों ने आज शाम पाच बजे बोरवेल से उसका शव िनकाला। पुलिस ने कहा कि करीब २४ घटे के अभियान के बावजूद बे को नहीं बचाया जा सका। उहोंने कहा कि बोरवेल के नजदीक ३० फीट समानातर गा खोदकर १० सदयीय राहत टीम ने उसके शव को िनकाला।

गारतलब ह कि कल शाम जिले के च ताडा गाव के एक खेत में खेलते समय डीमहेश फिसल कर बोरवेल में जा गिरा था। घटना के समय उसके मातापिता खेत के दूसरी ओर काम कर रहे थे। गामीणों ने बताया कि उ बोरवेल की खुदाइ १० दिन पहले की गयी थी, लेकिन पानी न मिलने पर उसे खुला ही छोड दिया गया था। महेश बी वी व बुाी का छोटा बेटा था। महेश के बोलवेल में गिरने का पता चलते ही उसके माबाप वहा पहचे। उहें गे से अपने बेटे की हकी चीख सुनाइ दे रही थी। थानीय पुलिस को सूचित करने के बाद शीष अधिकारियों को भी घटना की जानकारी दी गयी।

तुरत हरकत में आये जिला शासन ने ठेकेदारों की मदद से बोरवेल के पास ही दूसरा गा खोदना शु किया। हालाकि बडे पथरों के कारण खुदाइ का काम बाधित हआ। इधर, घटना की जानकारी मिलने पर जिलाधीश सहित उ अधिकारियों ने माके पर पहचकाया] का जायजा लिया। खुदाइ में माहिर सिंगरेनी कोलियरिज के अनुभवी कमचारियों की भी मदद ली गयी। १०८ वाहन सेवाकमियों की मदद से पाइप के सहारे बोरवेल में निरतर आसीजन की सलाइ की गयी, ताकि बे को सास लेने में कोइ तकलीफ न हो। इधर, गाव सहित पूरे देश में महेश की सकुशल वापसी के लिए ाथनाआें का दार शु हआ, लेकिन अत में न कमियों के यास काम में आये आर न ही दुआए। २४ घटे के यासों के बाद भी महेश को न बचाया जा सका। महेश के बडे भाइ की उम चार वष ह।

आपकी राय