ADVERTISEMENT

आपका वोट

क्या राहुल गांधी भ्रष्टाचार खत्म करेंगे?

  • सही
  • गलत
  • पता नहीं
और भी

फोटो दीर्घा

Share

डीजीपी िगरीश कुमार की िनयुकत्ी िनरत

Swatantra Vaartha  Fri, 29 Jan 2010, IST

girish kumar dgp डीजीपी िगरीश कुमार की िनयुकत्ी िनरत

हैदराबाद केदींय शासनिक यायाधिकरण (कट) ने आज यहा आरआरगिरीश कुमार की देश के पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) के तार पर नियु को निरत कर दिया। एसएसपी यादव आर कुमार के पूववर्ती एकेमोहती ारा दायर याचिका पर कारवाइ करते हए कट की हदराबाद पीठ ने राय सरकार को एक चयन समिति का गठन करने का निर्देश दिया, जो दो हतों में राय के नए पुलिस मुख को नियु करेगी।

समिति तीन सदयों के पनल का चयन करेगी, जो डीजीपी गेड के सभी अधिकारियों की उमीदवारी पर विचार करते हए नियमानुसार डीजीपी का चयन करेगी। आदेश में कहा गया ह कि राय सरकार को यायाधिकरण ारा कही गइ बातों को यान में रखना चाहिए।

यायाधिकरण ने सरकार से दोनों वरि आइपीएस अधिकारियों को बकाया राशि देने का आदेश दिया, योंकि उनका निन वेतनमान वाले पदों पर तबादला कर दिया गया था। गारतलब ह कि १९७४ बच के आइपीएस अधिकारी एसएसपीयादव ने आरआर गिरीश कुमार की राय के डीजीपी के तार पर नियु के खिलाफ पिछले साल अटूबर में कट का दरवाजा खटखटाया था। यादव का राय परिवहन निगम के बध निदेशक के तार पर तबादला कर दिया गया था। उसी तरह डीजीपी रक के एक अय अधिकारी एकेमोहती ने भी कट का दरवाजा खटखटाया था।

उहोंने आरोप लगाया था कि उहें बिना किसी कारण के पद से हटा दिया गया। उहोंने आरोप लगाया कि उनका निन वेतनमान वाले पद पर तबादला कर दिया गया। गिरीश कुमार को राय का डीजीपी बनाए जाने के सरकार के आदेश को निरत करते हए यायाधिकरण ने यह भी कहा, ‘उ केल में नियु अवध तथा मनमानी ह।’ मोहती की याचिका पर कट ने कहा कि उहें सिफ चुनाव तक के लिए डीजीपी नियु किया गया था आर इसलिए वह डीजीपी के तार पर चयन आर तबादला के सबध में उतम यायालय के निर्देशों का लाभ नहीं माग सकते।

आपकी राय