मुंबई हमले में भारतीय की संलिप्तता संभव : चिदंबरम
नई दिल्ली । भारत सरकार ने मुंबई आतंकी हमले के मददगारों में पहली बार एक भारतीय की संलिप्तता होना स्वीकार किया है। गृहमंत्री पीचिदंबरम ने कहा है कि इस हमले के मददगारों में कमसेकम एक भारतीय हो सकता है। एक निजी टीवीचैनल को दिये साक्षात्कार में चिदंबरम ने दावा किया कि मुंबई आतंकी हमलों के मददगारों मे एक भारतीय का हाथ हो सकता है। उन्होंने कहा कि पाकिस्तान के संदिग्ध व्यक्ति की आवाज के नमूनों से सिद्ध होना जरूरी है कि जिस भारतीय मददगार पर शक किया जा रहा है, वह अबू जिन्दाल ही है।
उन्होंने कहा कि मुंबई हमले के मददगारों में शामिल एक व्यक्ति को हम लंबे समय से जानते हैं और वह एक भारतीय हो सकता है। जिन्दाल की पहचान के बारे में उन्होंने स्पष्ट किया कि उसे अबू जिन्दाल के नाम से जाना जाता है,पर हम उस पर तब तक उंगली नहीं उठा सकते जब तक कि हमें उसकी आवाज का सबूत नहीं मिल जाता है।
यह पूछे जाने पर कि क्या पाकिस्तान मुंबई हमले के मददगारों की आवाज के नमूने भारत को उपलब्ध नहीं करा रहा है। चिदंबरम ने कहा, ‘अब यह अटकलें लगायी जा सकती है कि अबू जिन्दाल ‘ए’ अथवा ‘बी’ हो सकता है। अब आपका अन्दाजा सही हो सकता है, पर गृहमंत्री के नाते आप कैसे अंदाजा लगा सकते हैं। मैं अटकलबाजी नहीं कर सकता। दूसरे जब हम कहते हैं कि वह एक भारतीय हो सकता है, तो वह कोई ऐसा व्यक्ति भी हो सकता है, जिसने भारतीय तौर तरीके अपना लिये हो। इस सवाल पर कि क्या उस व्यक्ति ने भारत में शरण ले रखी है, गृहमंत्री ने कहा, ‘वह भारत में घुसपैठ कर आया व्यक्ति भी हो सकता है, जो काफी लंबे समय से हां रह रहा हो और भारतीय तौर तरीकों से वाकिफ हो गया हो।
या यह भी हो सकता है कि वह भारत से अवैध तरीके से पाकिस्तान चला गया हो और यहां आतंकवादियों ने उसे अपने से मिला लिया हो।
गौरतलब है कि अबू जिन्दाल भी मुंबई आतंकी हमले का मास्टरमाइंड बताया जाता है और यह माना जा रहा है कि उसका असली नाम सैय्यद जबीउद्दीन अंसारी है। वह औरंगाबाद में पक़डे गये हथियारों के जखीरे मामले में और गुजरात के मुख्यमंत्री नरेन्द्र मोदी की हत्या की साजिश रचने के मामले में भी वांछित है। अंसारी महाराष्ट्र के औरंगाबाद जिले का बताया जाता है।
