अमेरिकी विवि में गोलीबारी में भारतीय प्रोफेसर समेत तीन की मौत
वाशिंगटन। दक्षिण अमेरिकी शहर हंट्सविले स्थित यूनिवर्सिटी ऑफ अलाबामा में शिक्षकों की एक बैठक के दौरान एक महिला शिक्षक के कथित तौर पर गोलीबारी करने के बाद भारतीय मूल के एक अमेरिकी प्रोफेसर सहित तीन लोगों की मौत हो गयी। हंट्सविले पुलिस प्रमुख हेनरी रेज ने भारतीय मूल के इस अमेरिकी प्रोफेसर की पहचान गोपी पोडिल्ला के रूप में की है, जो जीव विज्ञान विभाग के अध्यक्ष थे।
दो अन्य मृतक मारिया डेविस और एड्रियल जॉनसन जीव विज्ञान में एसोसिएट प्रोफेसर थे। स्थानीय मीडिया ने ख़बर दी कि कल शाम हुई इस घटना में तीन अन्य घायल हो गये। घायलों में दो शिक्षक हैं, जबकि तीसरा विश्वविद्यालय का एक कर्मचारी है। रेज ने कहा कि गोलीबारी की संदिग्ध आरोपी एक महिला तथा एक अन्य को हिरासत में लिया गया है। फिलहाल उनकी गिरफ्तारी नहीं हुई है।
उन्होंने कहा कि हमारे पास एक संदिग्ध और एक संभावित संदिग्ध है। जब तक हम पूरी जांच नहीं कर लेते, तब तक यह नहीं बता पायेंगे कि इस घटना में कितने संलिप्त हैं या हम कितनों को पक़ड पाये हैं। पुलिस ने इस घटना के कारणों का खुलासा नहीं किया है, लेकिन स्थानीय टीवी ‘डल्ब्यूएएफएफ’ ने अधिकारियों के हवाले से पूर्व में ख़बर दी कि महिला बंदूकधारी ने इसलिये गोलीबारी की, क्योंकि जीव विज्ञान विभाग में बतौर शिक्षक उसका कार्यकाल नहीं ब़ढाया गया था। कहा जाता है कि यह घटना कल अपराह्न चार बजे से कुछ पहले विश्वविद्यालय परिसर के शेल्बी हॉल में हुई। रेज ने कहा कि पुलिस घटनास्थल पर अपराह्न चार बजकर एक मिनट पर पहुंची और हॉल को अपराह्न चार बजकर १० मिनट पर बंद कर दिया गया। इमारत को पांच बजकर ४५ मिनट पर नियंत्रण में ले लिया गया।
विश्वविद्यालय ने अपनी वेबसाइट पर डाले गये आपात संदेश में कहा कि गोलीबारी करने वाली महिला को पक़ड लिया गया है। विश्वविद्यालय ने कहा कि परिसर आज रात (शुक्रवार रात) बंद कर दिया गया है। सभी को घर जाने को कहा गया है। आज रात के लिये कक्षाएं निरस्त कर दी गयी हैं। छात्रों इरिन जॉनसन ने ‘हंट्सविले टाइम्स’ से कहा कि शेल्बी हॉल में जीव विज्ञान विभाग के शिक्षकों की बैठक चल रही थी, जब उन्हें एक कमरे में से चीखने की आवाजें सुनायी दीं। ‘सेन फ्रांसिस्को क्रॉनिकल’ ने ख़बर दी कि एमी बिशप मुख्य संदिग्ध है और उसे उसके पति के साथ हिरासत में लिया गया है। वर्ष २००३ में शिक्षक बनी एमी और उसके पति जिम एंडरसन ने एक पोर्टेबल सेल इ्रक्यूबेटर ‘इनक्यू’ बनाया था। इसके बाद दंपती को एक राज्य स्तरीय प्रतियोगिता में पुरस्कार मिला था। उन्हें एक अन्य व्यापारिक प्रतियोगिता में २५,००० अमेरिकी डॉलर की इनाम राशि भी मिली थी।
