ADVERTISEMENT

आपका वोट

क्या राहुल गांधी भ्रष्टाचार खत्म करेंगे?

  • सही
  • गलत
  • पता नहीं
और भी

फोटो दीर्घा

Share

तेलंगाना समिति के नियम व शता] को हरी झंडी !

Swatantra Vaartha  Thu, 11 Feb 2010, IST

तेलंगाना समिति के नियम व शता] को हरी झंडी !

नई दिल्ली। तेलंगाना के मुद्दे पर उच्चतम न्यायालय के पूर्व न्यायाधीश न्यायमूर्ति बीएन श्रीकृष्णा की अध्यक्षता में पांच सदस्यीय विशेषज्ञ समिति के अधिकार क्षेत्र को आज कांग्रेस कोर कमेटी की बैठक में अंतिम रूप दे दिया गया। ऐसे संकेत हैं कि इसकी घोषणा इस सप्ताह के अंत तक हो सकती है। कांग्रेस के उच्च पदस्थ सूत्रों ने कहा कि समिति के कार्य क्षेत्र के बारे में औपचारिक घोषणा करने में सरकार को एकदो एक दिन का समय लग सकता है।

कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी की अध्यक्षता में प्रधानमंत्री डॉमनमोहन सिंह के आवास पर हुई कांग्रेस कोर कमेटी की बैठक में तेलंगाना के मुद्दे पर चर्चा की गई। इस बैठक में वित्त मंत्री प्रणव मुखर्जी, गृह मंत्री पीचिदंबरम, रक्षा मंत्री एकेएंटनी और कांग्रेस अध्यक्ष के राजनीतिक सचिव अहमद पटेल शामिल थे। सूत्रों ने बताया कि कांग्रेस कोर कमेटी ने न्यायमूर्ति श्रीकृष्णा की अध्यक्षता में गठित समिति के नियम एवं शता] को अपनी स्वीकृति प्रदान कर दी है। ऐसी भी जानकारी मिली है कि समिति के अध्यक्ष को नियम एवं शता] से अवगत करा दिया गया है।

अब इसे संवैधानिक कवच प्रदान करने के लिये केंद्रीय मंत्रिमंडल के पास मंजूरी के लिये ले जाया जायेगा। गौरतलब है कि गृह मंत्रालय ने तीन फरवरी को न्यायमूर्ति बीएन श्रीकृष्णा की अध्यक्षता में पांच सदस्यीय समिति के गठन की घोषणा कर दी थी और पूर्व गृह सचिव विनोद केदुग्गल को इस समिति में सदस्य सचिव के रूप में शामिल किया गया है। समिति के अन्य सदस्यों में राष्ट्रीय विधि विश्वविद्यालय, दिल्ली के कुलपति प्रोरणवीर सिंह, आईआईटी दिल्ली की डॉसुश्री रविंदर कौर और अंतर्राष्ट्रीय खाद्य नीति अनुसंधान के वरिष्ठ फेलो डॉअबूसलेह शरीफ शामिल हैं। समिति की घोषणा के बाद कहा गया था कि इसके नियम एवं शत] तैयार की जा रही हैं। पहले ऐसी संभावना थी कि आठ फरवरी तक इसकी घोषणा कर दी जायेगी। हैदराबाद में कल तेलंगाना राजनीतिक ज्वाइंट एक्शन कमेटी (जेएसी) के संयोजक प्रोकोदंडराम ने केंद्र सरकार पर श्रीकृष्ण समिति के नियम एवं शता] की घोषणा करने में उदासीन रुख अपनाने तथा राज्य में सरकार के कारगर तरीके से काम नहीं करने के आरोप लगाते हुये कहा कि इन स्थितियों में आगामी विधानसभा सत्र का होना मुश्किल है। उन्होंने केंद्र की गत ९ दिसंबर की घोषणा के तहत ही समिति के नियम एवं शता] की घोषणा करने की मांग करते हुये कहा कि तेलंगाना के अनुकूल घोषणा होने से आत्महत्या की घटनाएं अपने आप रुक जायेंगी। कोदंडराम ने यह भी स्पष्ट किया था कि संसद में तेलंगाना राज्य गठन संबंधी विधेयक पेश होने तक प्रदेश में आंदोलन को और तेज किया जायेगा। इसके अलावा उन्होंने धमकी देते हुये कहा था कि केंद्र श्रीकृष्णा समिति के नियम एवं शर्तो की घोषणा करें या न करें, ११ फरवरी को सभी दलों के नेताआें की बैठक में आरपार का निर्णय लिया जायेगा।

आपकी राय