पहला टेस्ट बचा सकता है भारत : सहवाग
नागपुर। भारत पर भले ही पारी की हार का खतरा मंडरा रहा है, लेकिन सलामी बल्लेबाज वीरेंद्र सहवाग को विश्वास है कि उनकी टीम दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ पहले टेस्ट मैच को बचाने में सफल रहेगी।
भारत की पहली पारी में अपना १८वां टेस्ट शतक ज़डने वाले सहवाग ने कहा कि आस्ट्रेलिया के खिलाफ २००१ में भी हमें फालोआन दिया गया था और हम मैच जीते थे। इस मैच में भी कुछ भी हो सकता है। सचिन तेंदुलकर अभी बल्लेबाजी कर रहे हैं और वह बहुत अनुभवी हैं। मुरली विजय भी अच्छी बल्लेबाजी कर रहा है। हमें मैच बचाने के लिये क़डा संघर्ष करना होगा।
दक्षिण अफ्रीका से पहली पारी में ३२५ रन से पिछ़डने वाले भारत ने दूसरी पारी में ६६ रन के स्कोर पर सहवाग और गौतम गंभीर के विकेट गंवा दिये। उसे पारी की हार से बचने के लिये टब भी २५९ रन चाहिए। सहवाग ने पहली पारी में १०९ रन बनाये और अपना पहला टेस्ट मैच खेल रहे बद्रीनाथ (५६) के साथ चौथे विकेट के लिये १३६ रन की साझेदारी की। उन्होंने कहा कि हम सभी अच्छी बल्लेबाजी नहीं कर पाने के कारण निराश हैं। हमें कुछ और अच्छी साझेदारियां चाहिए थी, लेकिन हमें डेल स्टेन को श्रेय देना चाहिए जिन्होंने शानदार गेंदबाजी की। उन्होंने सचिन तेंदुलकर और मुरली विजय (पहली पारी में) का विकेट हासिल करने के लिये स्विंग का अच्छा इस्तेमाल किया। चाय के विश्राम के बाद जब गेंद बदली गयी तो उन्हें अच्छा रिवर्स स्विंग मिला। सहवाग ने कहा कि गेंद कुछ नरम प़ड गयी थी और अंपायर दक्षिण अफ्रीका के आग्रह पर गेंद बदलने पर सहमत हो गये, जिसके बाद स्टेन ने ३४ ओवर में पांच विकेट उख़ाडे। स्टेन ने इस पारी में ५१ रन देकर पांच विकेट लिये।
सहवाग का मानना है कि भारतीय बल्लेबाजों को दक्षिण अफ्रीका को जीत से वंचित करने के लिये रक्षात्मक रवैया अपनाने के बजाय रन बनाने पर भी ध्यान देना होगा। उन्होंने कहा कि हमारे पास अब भी अच्छे बल्लेबाज हैं। उन्हें शाट्स भी खेलने चाहिए क्योंकि रन भी मायने रखते हैं। हम अधिक से अधिक समय तक बल्लेबाजी करने की कोशिश करेंगे। सहवाग ने बद्रीनाथ की भी तारीफ की। उन्होंने कहा कि बद्री बहुत अच्छा खिल़ाडी है। उसने घरेलू स्तर पर ढेर सारे रन बनाये हैं। मैंने उससे कहा कि वह अपनी बल्लेबाजी का लुत्फ उठाये और उसने अच्छा खेल दिखाया।
