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बढत मजबूत करने के इरादे से उतरेगी

swatantravaartha  Fri, 18 Dec 2009, IST

soccorबढत मजबूत करने के इरादे से उतरेगी टीम इडिया

नागपुर, १७ दिसबर (भाषा)। राजकोट में रनों की बाढ के बीच खेला गया मच जीतने के बाद भारत अब अपनी गेंदबाजी आर क्षेरक्षण में सुधार करके श्रीलका के खिलाफ दूसरे एक दिवसीय किकेट मच में भी फतह हासिल करने के इरादे से उतरेगा हालाकि युवराज सिंह का खेलना अभी भी सदिध ह।

ऊगली की चोट के कारण पहले मच से बाहर रहे युवराज की मच फिटनेस अभी परखनी बाकी ह। टीम इडिया जहा युवराज की चोट से जूझ रही ह, वहीं वीरें सहवाग के घुटने में भी चोट लग गइ ह हालाकि वह खेलेंगे। श्रीलकाइ टीम को भी पिनर मुथया मुरलीधरन आर तेज गेंदबाज दिलहारा फनाडो के बिना उतरना पडेगा, जो ऊगली की चोट के कारण श्रखला से बाहर ह।

श्रीलका टीम बधन ने दो नये खिलाडियों मयम तेज गेंदबाज एमपुपकुमारा आर युवा आफ पिनर सूरज रणदीव को बुलाया ह। श्रीलकाइ टीम को पूरा यकीन ह कि लसिथ मलिंगा इस मच में खेल सकेंगे, जो फिटनेस समया के कारण पहले मच से बाहर थे। राजकोट में पहले मच में दोनों टीमों ने जीजान लडा दी थी आर रोमाच की पराकाा पर पहचा वह मच भारत ने बमुकिल तीन रन से जीता।

तीन रन के अतर से आये नतीजे से जाहिर ह कि मुकाबला कितना करीबी था। नागपुर में पिच बलेबाजों की मददगार रहने की उमीद ह। सुरक्षा कारणों से विशाखापनम की बजाय मच यहा खेला जा रहा ह। राजकोट में वीरें सहवाग (१४६) अपनी बलेबाजी से भारत की जीत के सूधार रहे थे। सचिन तेंदुलकर (६९) के साथ पहले विकेट के लिए उहोंने १५३ रन जोडे। कतान महें सिंह धोनी (७२) के साथ दूसरे विकेट के लिये, उहोंने १५६ रन जोडे थे। तिलकरने दिलशान ने १६० रन बनाने के अलावा उपुल थरगा (६७) के साथ १८८ रन आर कतान कुमार सगकारा (९०) के साथ १२८ रन जोडकर श्रीलका को जीत के करीब पहचा दिया था। ठडे मासम आर ओस का मच के परिणाम पर असर पड सकता ह। ऐसे में बाद में फीडिग करने वाली टीम के लिये मुकिल हो सकती ह योंकि गेंद पर पकड बनाना आसान नहीं होगा।

पहले मच में दोनों टीमों की बलेबाजी अछी थी,लेकिन फीडिग आर खास तार पर कचिंग बहत खराब रही। एक बार फिर यह निणायक साबित हो सकती ह। मेजबान टीम ने श्रीलका के शीषकम के तीनों बलेबाजों दिलशान, थरगा आर सगकारा के कच टपकाये हालाकि वह भायशाली रही कि उसे पराजय का सामना नहीं करना पडा। राजकोट मच में ५००० वनडे रन आर २०० शिकार पूरे करने वाले धोनी ने टीम से बेहतर क्षेरक्षण की उमीद जताइ ह। श्रीलकाइ टीम को भी क्षेरक्षण में सुधार करना होगा। गेंदबाजी में उसे मुरलीधरन आर फनाडो की कमी खलेगी। भारतीय गेंदबाजों को पहले वनडे में पिच से कोइ मदद नहीं मिल सकी। वीण कुमार ने शुआती ओवरों में अछी गेंदबाजी की। हरभजन सिंह ने बीच के ओवरों में जिमा सभाला, जबकि डथ ओवर जहीर खान व आशीष नेहरा के जिमे थे। श्रीलका के कोच टेवर बेलिस ने कहा कि विकेट लेकर ही टीम मच नहीं जीतती ह, बकि विरोधी बलेबाजों को चाके छके लगाने से रोकने पर भी मच जीते जा सकते ह जसा नेहरा आर जहीर ने कर दिखाया। बलेबाजी पावरले भी दोनों टीमों की दुखती रग बन गइ ह। मेजबान टीम ४१४ से अधिक रन बनाती अगर बलेबाजी पावरले के दारान सहवाग, धोनी आर गातम गभीर के विकेट नहीं गवाये होते।

इसी तरह बलेबाजी पावरले के दारान श्रीलका ने सगकारा, सनत जयसूया आर दिलशान के विकेट गवाये। उस समय जीत के लिये ९० गेंद में १२३ रन चाहिये थे।

टीम : भारत महें सिंह धोनी (कतान), सचिन तेंदुलकर, वीरें सहवाग, गातम गभीर, युवराज सिंह, सुरेश रना, रविंदर जडेजा, हरभजन सिंह, जहीर खान, वीण कुमार, आशीष नेहरा, ज्ञान ओझा, सुदीप यागी आर विराट कोहली। श्रीलका: सगकारा (कतान), तिलकरने दिलशान,जयसूया, महेला जयवթने, तिलिना कदाबी, चामरा कापूगेदारा, नुवान कुलशेखरा, लसिथ मलिंगा, एजेलो मयूज, अजता मेंडिस,तिलन समरवीरा, उपुल थरगा, चनाका वेलेगेदारा, एम पुपकुमारा, सूरज रणदीव।

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