दिल से नहीं दिमाग से खेलकर जीते : ब्रासा
नई दिल्ली। भारतीय हॉकी टीम के कोच होजे ब्रासा ने विश्वकप के पहले मुकाबले में चिरप्रतिद्वंद्वी पाकिस्तान के खिलाफ मिली ४१ की जबर्दस्त जीत पर खुशी जताते हुए कहा कि यह कामयाबी दिल से नहीं बल्कि दिमाग से खेलकर मिली है।
ब्रासा ने रविवार को यहां मैच के बाद आयोजित संवाददाता सम्मेलन में कहा कि यह जीत काफी शानदार है। हमारे खिला़डयों ने बेहतरीन खेल का प्रदर्शन किया और वे जीत के हकदार थे। खिला़डयों ने अपनी भावनाआें को काबू में रखते हुए दिमाग का इस्तेमाल किया और यही हमारी जीत का कारण बना।
उन्होंने खिला़डयों को आत्ममुग्धता से बचने की सलाह देते हुए कहा कि यह महज एक मैच था, जिससे हमें तीन अंक मिले। इससे अधिक कुछ नहीं। हमें हवा में उडने की बजाए अगले मैचों पर ध्यान केन्द्रित करना चाहिए। टूर्नामेंट में अभी हमें लंबा सफर तय करना है और आने वाले मुकाबले काफी क़डे हैं।
ब््रसााा ने कहा कि इसमें कोई शक नहीं कि पाकिस्तान के खिलाफ मैच में सब कुछ हमारी योजना के अनुसार हुआ। हमने पाकिस्तान पर लगातार आक्रमण करना जारी रखा और पासिंग गेम खेलकर मेहमान टीम को पिछले पैरों पर रखा। पहले हाफ में हमने अटैकिंग हॉकी खेली और २० की ब़ढत बनाकर पाकिस्तान को दबाव में ला दिया। हमने बतौर टीम आज शानदार खेल का नमूना पेश किया।
उन्होंने कहा कि पहले हाफ में हमने कई मौके बनाए। हमारे खिला़डयों खासकर मिडफील्डरों एवं स्ट्राइकरों ने शानदार खेल दिखाया, लेकिन दूसरे हाफ में टीम का खेल पहले हाफ की तुलना में कमजोर रहा लेकिन टीम ने मैच पर अपना नियंत्रण कमजोर नहीं होने दिया।
ब्रासा ने मैच में शानदार दो गोल करने वाले ड्रैग फ्लिकर संदीप सिंह की मुक्तकंठ से सराहना करते हुए कहा कि संदीप ने शानदार खेल का प्रदर्शन किया, लेकिन वह इससे अच्छा कर सकते हैं। मुझो उम्मीद है कि आने वाले मैचों में वह और बेहतर प्रदर्शन करेंगे।
पाकिस्तान के खिलाफ मैच में अनुभवी गोलकीपर एड्रियन डिसूजा की जगह श्रीजेश रवींद्रन को उतारने के सवाल पर ब््रसााा ने कहा कि एड्रियन पूरी तरह फिट हैं, लेकिन पाकिस्तान के खिलाफ हमने श्रीजेश को उतारना मुनासिब समझा और हमारा यह दाव पूरी तरह सफल रहा।
उन्होंने कहा कि टीम अपना शानदार खेल आगे आने वाले मैचों में भी जारी रखना चाहेगी। आस्ट्रेलिया जैसी मजबूत टीम के खिलाफ मंगलवार को होने वाले मैच के बारे में ब््रसााा ने कहा कि विश्व कप में कोई भी टीम कमजोर या मजबूत नहीं होती है। इंग्लैंड ने आस्ट्रेलिया को हरा दिया और हम भी कुछ ऐसा ही करने की उम्मीद में हैं।
