किंग्स इलेवन के खिलाफ मुकाबले में चेन्नई का पल़डा भारी
चेन्नई। खराब दौर से गुजर रही किंग्स इलेवन पंजाब को अगर इंडियन प्रीमियर लीग के कल होने वाले मुकाबले में अपना खाता खोलना है, तो उन्हें अच्छा प्रदर्शन कर रही चेन्नई सुपर किंग्स को उसकी मांद में शिकस्त देने के लिये बेहतरीन प्रयास करना होगा।
किंग्स इलेवन के लिये पहला हफ्ता काफी खराब रहा और उसने लगातार तीन मैच गंवा दिये। उसके बल्लेबाज और गेंदबाज एक इकाई के रूप में प्रदर्शन करने में असफल रहे और टीम ज्यादातर व्यक्तिगत प्रयास पर निर्भर रही। मेजबान चेन्नई की टीम हालांकि अच्छी तरह लय बना चुकी है और घरेलू मैदान में होने वाले मुकाबले पंजाब की चुनौती को रौंदने में प्रबल दावेदार दिख रही है। सभी तीनों मैचों में पंजाब की टीम ऐसी स्थिति में थी, जहां वह जीत दर्ज कर सकता थी, लेकिन अंतिम बाधा पार नहीं कर सकी। अगर संगकारा के धुरंधरों को कल जीत हासिल करनी है तो उन्हें अंतिम समय में होने वाली इस समस्या से पार पाकर एक इकाई के रूप में खेलना होगा। वर्ष २००८ में पहले सत्र में पंजाब टीम ने शुरू में सात में से पांच मैचों में जीत दर्ज की थी, लेकिन इस साल उनका प्रदर्शन काफी खराब रहा। हालांकि टूर्नामेंट शुरुआती दौर में है और कप्तान संगकारा को सुनिश्चित करना होगा कि यहीं से टीम संभल जाये। हेडन का ‘मोंगूज’ बल्ला दिल्ली के खिलाफ पिछले मैच में आकर्षण का केंद्र रहा था और चेन्नई के युवा कप्तान सुरेश रैना उम्मीद लगाये होंगे कि कल भी यह आस्ट्रेलियाई खिल़ाडी अपनी चमक बिखेरे। हेडन को बल्लेबाजी की जिम्मेदारी तो अपने कंधे पर उठानी ही होगी साथ ही महेंद्र सिंह धोनी की अनुपस्थिति में रैना को सहयोग भी देना होगा। धोनी कोहनी की चोट के कारण १० दिन तक बाहर बैठना होगा। रैना भी अच्छी फार्म में हैं और अगर अन्य बल्लेबाज जैसे बद्रीनाथ, पार्थिव पटेल व जस्टिन कैंप शानदार प्रदर्शन करते हैं,तो उनके लिये ब़ढया होगा।
