बीसीसीआइ का रवया सही नहीं : रमीज राजा
नइ िदली । पाकितान के पूव कतान रमीज राजा ने २०२० िवव चपियन पािकस्तानी िखलािडयों को आइपीएल की नीलामी में कोइ खरीदार नहीं मिलने पर आचय यत करते हए कहा अगरपािकस्तानी िखलािडयों को इस टूनामेंट में शािमल नहीं करना था, तो भारत को इस मामले का सही तरीके से समाधान करना चािहए था।
रमीज ने एक खेल वेबसाइट में लिए अपने कालम में कहा कि भारतीय किकेट कटोल बोड (बीसीसीआइ) को पाकितानी खिलाडियों को आइपीएल थी में शामिल करने के लिए दबाव बनाना चाहिए था। उहोंने कहा कि भारत विव किकेट का सिरमार ह या यू कहें कि भारत किकेट का दारोगा ह आर बिना उसकी सहमति के विव किकेट में पाा भी नहीं खडकता ह। इसलिए बीसीसीआइ को पाकितानी खिलाडियों को आइपीएल में शामिल करने के लिए एक जिमेदारी भरा रवया अपनाना चाहिए था।
पूव पाकितानी कतान ने कहा कि बीसीसीआइ को पाकितानी खिलाडियों पर सहिणु रवया अतियार करना चाहिए था आर उसे पाकितान क ेे किकेटरों के लिए लडना चाहिए था इससे पूरी दुनिया में एक अछा सदेश जाता। अभी तो आइपीएल भारत केति बन चुका ह आर कोइ भी निणय भारत के हित में रखकर लिए जा रहे ह ।
रमीज ने कहा कि यह विवास करना मुकिल ह कि २०२० विव चपियन पाकितान के खिलाडियों का कोइ खरीदार नहीं मिले। शाहिद अफरीदी, मिसबाह उल हक जसे खिलाडी काेे किसी भी फचाइजी ने नहीं खरीदा।
रमीज ने कहा कि कुछ लोग कहेंगे कि आइपीएल भारत का टूनामेंट ह इसलिए उसे भारतीय खिलाडियों के बारे में सोचने का हक पहले ह। लेकिन अगर आप वितत परिѥय में सोचे ताेे बात अलहदा होगी। आइपीएल थी से पाकितानी खिलाडियों को बाहर रखने की खबर पर पाकितान में काफी हाेेहला मचाया जा रहा ह। पाकितानी खेल माालय आर सासद इस मसले पर नाराजगी जता चुके ह। उनका कहना ह कि ऐसा करके भारत ने पाकितान को बेइजत करने की चाल चली ह।
उहोंने कहा कि आइपीएल की टीमें विदेशी खिलाडियाेें को बडे आराम से खरीद रही थी, लेकिन जब बात अपने पडाेेसी देश के खिलाडियों की आइ ताेे मामला कुछ आर निकला। भारत को अपने पडाेेसी की सवेदना को समझाना चाहिए था। अगर ऐसा करना ही था तो थिति को विफोटक होने से बचाने के लिए सारी बातें पहले ही पट कर देनी चाहिए थी न कि नीलामी के दारान चीजें साफ हों।
पूव पाकितानी कतान ने कहा कि पाकितानी सरकार ने आइपीएल में शामिल अपने इन ११ खिलाडियों काेे टूनामेंट में भाग लेेने की मजूरी दे दी थी। लेकिन खिलाडियाेें की नीलामी नहीं होनेे के कारण पाकितान की अवाम में यह सदेश गया कि यह मामला राजनीतिक ह।
उहोंने कहा कि हालाकि पाकितान में कइ लोग यह भी मान रहे ह कि खिलाडियों ने आइपीएल की नीलामी में खुद को शामिल करनेे का आाह करके अपनी इजत ही गिराइ ह। उहोंने कहा कि पाकितान में कइ धडों का यह मानना ह कि पाकितानी खिलाडिडयो नेे आइपीएल में खेलने की हामी भरकर अपना समान ही गवाया था। योंकि यह सबको पता था कि भारत में पाकितान के खिलाफ ह।
