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क्या है ऋण गारंटी योजना?

Swatantra Vaartha  Mon, 12 Jul 2010, IST

क्या है ऋण गारंटी योजना?

क्रेडिट गारंटी फंड ट्रस्ट, भारत सरकार के सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम मंत्रालय और भारतीय लघु उद्योग विकास बैंक (सिडबी) द्वारा स्थापित किया गया है ताकि लघु उद्यमियों को औपचारिक बैंकिंग क्षेत्र से पात्र मुक्त ऋण सुगमता से मिल सके। यह ट्रस्ट १११ मेंबर लेंडिंग संस्थाआें के एक नेटवर्क के द्वारा ऋण गारंटी योजना चला रहा है।

क्रेडिट गारंटी योजना का उद्देश्य

कोलेटरल सिक्योरिटी से ज़ुडी समस्याआें को हल करने के लिए भारत सरकार ने लघु उद्योगों के क्षेत्र व सूचना प्रौद्योगिकी व सॉफ्टवेयर उद्योग के क्षेत्र में पूर्व स्थापित इकाइयों व नई इकाइयों को बिना किसी कोलेटरल सिक्योरिटी के मेंबर लेंडिंग संस्थाआें से ऋण हासिल करने में मदद प्रदान करना था। ये पात्र संस्थाएं अनुसूचित वाणिज्यिक बैंक, चयनित क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक, एनएसआईसी एनईडीएफआई, टीआईआईसी, डीएफली, केएफसी और सिडबी जैसी संस्थाएं हैं।

सीजीटीएमएसई की कोष निधि में भारत सरकार एवं सिडबी ४ः१ के अनुपात में अपना योगदान देते हैं। इन दोनों हिस्सेदारों द्वारा ट्रस्ट की कोष निधि २५०० कऱोड रुपये तक ब़ढाने पर सहमति हुई है।

ट्रस्ट द्वारा मेंबर लेंडिंग संस्थाआें द्वारा दिए गए ऋण जोखिम को ७५ प्रतिशत तक कम करके लघु उद्योग इकाइयों को कोलेटरल फ्री ऋृण दिलाने में मदद की जाती है। ये मेंबर लेंडिंग संस्थाएं परियोजना की विश्वसनीयता के आधार पर उद्योगों को ऋण देती है और उस प्रदत्त ऋृण की राशि की ०५ प्रतिशत से ०७५ प्रतिशत तक वार्षिक सेवा फीस का भुगतान कर सीजीटीएमएसई से गारंटी कवर लेती है। यह गारंटी कवर ६५ लाख रुपये तक के ऋृण पर ७५ से ८५ प्रतिशत के बीच होता है। इस स्कीम के तहत लोन सीमा भी प्रारंभिक २५ लाख रुपये से ब़ढाकर १ कऱोड रुपये तक कर दी गई है।

कवर किए जाने वाले लोन की समय सीमा

मेंबर लेंडिंगसंस्थाएं विभिन्न तिमाहियों में दिए गए ऋृण के गारंटी कवर हेतु निर्धारित समय अवधि में ही आवेदन कर सकती है। यह अवधि इस प्रकार हैः ऋण अवधि त्रैमासिक जुलाई से सितंबर, अक्तूबर से दिसम्बर, जनवरी से मार्च और इनका गारंटी कवर त्रैमासिक क्रमशः जुलाई से सितंबर, अक्तूबर से दिसंबर, जनवरी से मार्च एवं अप्रैल से जून होता है।

लोन हेतु सिक्योरिटी

इस गारंटी योजना के तहत कवर किए गए लोन की सिक्योरिटी के तौर पर सिर्फ उसी सम्पत्ति को शामिल किया जा सकता है, जो ऋण की राशि से बनी है या फिर जो उस परियोजना या उद्यम से प्रत्यक्ष ज़ुडी है, जिसके लिए ऋण दिया गया है। कोलेटरल सुविधा या थर्ड पार्टी गारंटी से ज़ुडी कोई सिक्योरिटी इसमें कवर नहीं है। यह गारंटी कवर प्रत्येक वर्ग के हिसाब से अलगअलग है, जो इस प्रकार हैः

सूक्ष्म उद्यमः ५ लाख रुपये तक की ऋण राशि के ४२५ लाख के डिफाल्ट पर ८५ प्रतिशत, ५ से ५० लाख के ऋण के ३७५० लाख के डिफाल्ट का ७५ प्रतिशत, ५० लाख से १ कऱोड तक के ऋण पर ६२५० लाख की कुल सीलिंग पर ३७५० लाख रुपये + डिफाल्ट राशि का ५० प्रतिशत।

महिला उद्यमी/ उत्तरपूर्वी क्षेत्र (सिक्किम सहित) सूक्ष्म उद्यमों को ५ लाख रुपये तक की ऋण सुविधा के अतिरिक्तः ४० लाख रुपये तक के डिफाल्ट का ८० प्रतिशत व ५० लाख से १ कऱोड रुपये की ऋण राशि पर ६५ लाख की कुल सीलिंग पर ४० लाख रुपये + डिफाल्ट राशि का ५० प्रतिशत।

अन्य सभी वगा] के ऋणदाता

३७५० लाख रुपये तक के डिफाल्ट का ७५ प्रतिशत व ५० लाख से १ कऱोड तक के ऋण पर ६२५० की कुल सीलिंग पर ३७५० लाख रुपये +डिफाल्ट राशि का ५० प्रतिशत।

इस स्कीम के तहत गांरटी कवर टर्म लोन कंपोजिट क्रेडिट के निर्धारित समय का होता है। यह अवधिक ५ वर्ष के लिए होती है।

अधिक जानकारी के लिए वेबसाइट ुुुलसीींळेीसळप या ुुुलसीाींशळप पर संपर्क करें।

नरेन्द्र देवांगन

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